कोई पूछे तो कह देना , हो रहा भारत निर्माण …..

 

 

 

मातम पसरा है शहर में , और भीड भरा है शमशान ,
कोई पूछे तो कह देना , हो रहा भारत निर्माण

चुप्प बैठे पिरधान जी , परदेस जा बसीं मादाम ,
कोई पूछे तो कह देना , हो रहा भारत निर्माण

मुलाकात कहां हुई लोकतंत्र से दिखला देना वो मैदान ,
कोई पूछे तो कह देना , ऐसे होगा भारत निर्माण

बेइमान पकडने का जिम्मा लेकर , हाकिम खुद हो गए बेइमान ,
कहा जो पूछे कोई तो कह देना , हो रहा भारत निर्माण ….

कहीं भूख से , कहीं लूट से , कहीं जा रही यूं ही जान ,
क्या फ़िर भी यही है कहना , हो रहा भारत निर्माण ??

सवा अरब का देश चलाए , एक ही वंश की संतान ,
पूरा देश बीन बजाए , हो रहा भारत निर्माण …